भारत की ऐतिहासिक जीत
खो खो विश्व कप 2025 के पहले संस्करण में भारतीय महिला टीम ने एक नई गाथा लिखी, जब उन्होंने नेपाल को हराकर खिताब अपने नाम किया। यह मैच नई दिल्ली के इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में आयोजित किया गया था। भारतीय टीम ने शुरुआत से ही अपना दबदबा बनाकर रखा और 78-40 के अंतर से विजयी हुई। इस ऐतिहासिक उपलब्धि ने भारतीय खेल परिदृश्य में एक नया आयाम जोड़ा है।
पहली पारी की धमाकेदार शुरुआत
मैच की शुरुआत से ही भारतीय टीम ने अपनी अद्वितीय रणनीतियों के साथ नेपाल टीम को दबाव में रखा। कप्तान प्रियंका इंगले ने अपने नेतृत्व कौशल का बेहतरीन प्रदर्शन किया, जो कि उनकी टीम के लिए प्रेरक साबित हुआ। पहले टर्न में उन्होंने कई टच पॉइंट्स अर्जित किए और नेपाल को कई 'ड्रीम रन' करने से रोका, जिससे भारत ने 34 अंक अर्जित किए।
नेपाल की अस्थायी वापसी
हालांकि नेपाल ने दूसरी पारी में वापसी करने की कोशिश की। मन्मती धामी ने वैशाली पवार को और समझना ब. ने प्रियंका इंगले को आउट कर प्रभावित किया। लेकिन इसका प्रभाव अधिक समय तक नहीं रहा क्योंकि चैत्रा बी ने भारत का पहला 'ड्रीम रन' हासिल किया। दीप ने इसके बाद नेपाली दस्ते को All Out कर दिया, जिससे नेपाल की टीम केवल 24 रन ही बना सकी और भारत के पास 11 अंकों की बढ़त हो गई।
खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन
तीसरी पारी में भारतीय टीम ने खेल का पूरा नियंत्रण अपने हाथ में रखा। नेपाल के रक्षकों को भारत के आक्रमण ने भागने का कोई अवसर नहीं दिया। कोई भी चूक भारतीय टीम के खेल में देखने को नहीं मिली। चौथी पारी में चैत्रा बी ने 5 मिनट और 14 सेकंड के ड्रीम रन के माध्यम से मैच को निर्णायक मोड़ पर पहुंचा दिया, जिसका असर सीधे स्कोरबोर्ड पर देखने को मिला और भारत ने 78 अंकों के साथ जीत दर्ज की।
प्रतियोगिता का सफर
भारत की इस खिताबी यात्रा में मात्र इस फाइनल मैच तक सीमित नहीं थी। उन्होंने समूह चरण में दक्षिण कोरिया, ईरान और मलेशिया के खिलाफ भी शानदार प्रदर्शन किया था। इसके अलावा, क्वार्टर फाइनल में बांग्लादेश को पराजित करने के बाद, सेमीफाइनल में दक्षिण अफ्रीका को पराजित करते हुए फाइनल में अपनी जगह पक्की की।
मैच के पुरस्कार
इस प्रतियोगिता ने कई खिलाड़ियों को व्यक्तिगत पुरस्कार भी दिलाए। इनमें से अंशु कुमारी को सर्वश्रेष्ठ अटैकर, मन्मती धामी को नेपाल टीम की ओर से सर्वश्रेष्ठ रक्षक जबकि भारत की चैत्रा बी को सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी का खिताब मिला।
भारतीय महिला टीम की यह जीत इतिहास में दर्ज है जो भविष्य के खो खो विश्व कप आयोजनों के लिए एक मजबूत मानक स्थापित करेगा। भारतीय महिला टीम के इस प्रेरणादायक प्रदर्शन ने देश को गर्वित किया है और खो खो के प्रति जुनून को नई दिशा दी है।
Arun Kumar
जनवरी 20 2025भाई ये खो खो वाला मैच देखा क्या? मैंने तो बिस्कुट खाते-खाते फिल्म देख ली, फिर भी आंखें नहीं बंद हुईं। चैत्रा बी का ड्रीम रन? वो तो बस एक वीडियो गेम का बॉस बन गया!
Suraj Dev singh
जनवरी 22 2025असल में ये जीत सिर्फ टीम की नहीं, भारतीय महिलाओं के लिए एक संदेश है कि हम कुछ भी कर सकते हैं। मैंने अपनी बहन को ये मैच दिखाया, उसने कहा - 'अब मैं भी खो खो खेलूंगी'।
sugandha chejara
जनवरी 23 2025इतनी बढ़िया जीत के बाद अगर कोई बच्ची खो खो खेलना चाहे, तो उसके लिए जगह बनाना होगा। स्कूलों में ये खेल जरूर शामिल करें। मैं अपने बच्चों के स्कूल में इसके लिए पेशकश कर रही हूँ।
indra group
जनवरी 23 2025नेपाल को हराना तो बहुत आसान बात है, अब चीन और जापान को देखो! भारत के खिलाफ वो भी तो अपने देश के लिए खेलते हैं, लेकिन हमारी टीम तो दुनिया को दिखा रही है कि हम क्या बन सकते हैं। अब तो दुनिया को हमारी ओर देखना होगा!
gauri pallavi
जनवरी 25 2025मैंने ये मैच देखा, लेकिन अभी तक नहीं समझ पाई कि ये खो खो वाला खेल वाकई क्या है? क्या ये फुटबॉल का बेहतर वर्जन है? या फिर एक नया डांस फॉर्म?
DHARAMPREET SINGH
जनवरी 25 2025ये सब बहुत अच्छा है... लेकिन बताओ ये टीम को कितना बजट मिला? क्या ये सब एक विज्ञापन कैंपेन है? क्योंकि मैंने तो इसके लिए कोई टीवी विज्ञापन नहीं देखा।
Agam Dua
जनवरी 25 2025इस जीत का जश्न मनाने के बजाय, ये सोचो कि भारत में आज भी 30% लड़कियां स्कूल नहीं जा पा रहीं। खेल की जीत के बारे में बात करने से पहले बुनियादी शिक्षा पर ध्यान दो।
Sarvesh Kumar
जनवरी 25 2025नेपाल को हराना तो बहुत आसान है, अब बताओ अगर भारतीय महिला टीम पाकिस्तान के खिलाफ खेलती तो क्या होता? असली परीक्षा तो वहां है!
Ashish Chopade
जनवरी 25 2025यह ऐतिहासिक जीत हमारे देश के लिए गर्व का विषय है। इस उपलब्धि के लिए टीम, कोच, और सभी समर्थकों को बधाई। भारत की यह यात्रा अभी शुरू हुई है।
Manu Tapora
जनवरी 26 2025मैंने खो खो के नियम देखे, और ये खेल असल में एक मिश्रण है - फुटबॉल की गति, कबड्डी का टैक्टिकल डिजाइन, और बैडमिंटन की लैंडिंग टेक्नीक। ये नया खेल बन रहा है।
Drishti Sikdar
जनवरी 27 2025चैत्रा बी का ड्रीम रन देखकर मैं रो पड़ी। मेरी बहन भी इसी तरह खेलती है, लेकिन उसके लिए कोई स्कूल नहीं है। आज तक उसके लिए कोई गाड़ी नहीं आई।
sugandha chejara
जनवरी 28 2025ये बात बहुत सच है। मैंने अपने शहर के स्कूलों को एक प्रस्ताव भेजा है - खो खो को बाध्य करें, और लड़कियों के लिए ट्रांसपोर्ट सुविधा भी शामिल करें। अगर आप भी चाहें तो जुड़ जाइए।
sreekanth akula
जनवरी 29 2025ये खेल वास्तव में भारतीय संस्कृति का अंग है। इसकी जड़ें दक्षिण भारत के ग्रामीण खेलों में हैं, जिन्हें आधुनिक बनाया गया। इसे विश्व स्तर पर लाने के लिए इसकी जड़ों को समझना जरूरी है।
Vikrant Pande
जनवरी 30 2025खो खो? ये तो बस एक बहुत ही जटिल नियमों वाला बच्चों का खेल है। इसे विश्व कप का नाम देना बिल्कुल भी उचित नहीं। अगर ये असली खेल होता तो यूरोप इसे अपनाता।
Gaurav Pal
जनवरी 31 2025इस जीत के बाद भी लोग ये कहते हैं कि 'ये तो बस नेपाल है'। अगर नेपाल को हराना आसान है तो आप भी खेलकर दिखाएं। नहीं तो अपने घर पर बैठकर फिल्म देखिए।
Shantanu Garg
फ़रवरी 1 2025मैं तो बस इतना कहूंगा - जब तक हम अपने खेलों को असली तरीके से समर्थन नहीं देंगे, तब तक ये जीत भी बस एक तस्वीर बनी रहेगी।